शुक्रवार, 8 मार्च 2024

मुष्टिका : मानस शब्द संस्कृति

मुठिका एक महा कपि हनी।

रुधिर बमत धरनीं ढनमनी।। 



लंका में रात्रि के समय सूक्ष्म रूप में हनुमान जी घुसे तो लंकिनी ने देख लिया। रोकने पर उन्होंने #मुष्टिका प्रहार किया। हाथ की उंगलियों को कस देने से बनता है। बल प्रयोगकर आघात करने से संहारक हो जाता है।

क्या आपने कभी इससे आघात किया है?


#मानस_शब्द #संस्कृति

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सद्य: आलोकित!

घनआनंद : रामचंद्र शुक्ल

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